रूड़की।उपकारागार रुड़की में गणतंत्र दिवस के अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में बोलते हुए ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट नवल सिंह बिष्ट ने कहा कि इंसान जन्म से अपराधी नहीं होता,बल्कि उसे परिस्थितियां और बुरी संगत अपराध की तरफ़ ले जाती हैं,इसलिए जो परिस्थितियों पर काबू पा लेते हैं वे जीवन में सही मार्ग पर चल कर तरक्की करते हैं।
जेएम नवल सिंह बिष्ट ने कहा कि जेल में आकर एक नई जिंदगी बनाने का अवसर मिलता है,इसलिए सभी बन्दियों ये प्रण करना चाहिए कि वे बुराई,नशा और अपराध से हमेशा के लिए दूर रहेंगे।रुड़की जेल अधीक्षक जेपी द्विवेदी ने कहा कि सदैव उनका प्रयास रहा है कि जो भी बंदी हैं वे जब जेल से बाहर जाएं तो उनके जीवन में मूलभूत सुधार आये।डिप्टी जेलर योगिता गुरुरानी ने कहा कि आज समाज में सबसे भयानक रूप से नशा जड़ जमा रहा है,जिसके लिए सामाजिक संगठनों को जागरूकता पैदा करने की जरूरत है।
कार्यक्रम का संचालन करते हुए अंतरराष्ट्रीय शायर व उत्तराखंड उर्दू अकादमी के पूर्व उपाध्यक्ष अफजल मंगलौरी ने कहा कि रूड़की जेल में कैदियों को नए जीवन के लिए रोजगार हेतु प्रशिक्षण के साथ-साथ चरित्र निर्माण की शिक्षा भी दी जा रही है।समारोह में रेलवे बोर्ड की सदस्य पूजा नन्दा,रोटरी क्लब के सुभाष सरीन,वंदना कुमारी,अलका अरोरा, पंकज नन्दा,कविता पटवाल,नरेश राजवंशी, डॉ०साजिद आदि ने विचार व्यक्त किए।इस अवसर पर सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया,जिसमें बंदी कलाकारों के साथ कर्मचारियों ने भी अपनी प्रस्तुति दी।
राष्ट्रभक्ति गीत गायक सैयद नफीसुल हसन ने देशभक्ति गीत प्रस्तुत किये,जिनको बहुत सराहा गया।इसके अलावा अमजद अली,अफजल मंगलौरी व नरेश राजवंशी ने कविताओं के माध्यम से सन्देश दिया।अम्बेडकर नगर के प्रमुख समाज सेवी सभापति मिश्र ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की।कार्यक्रम में सतवीर सिंह,पवन सैनी,हेड सुपर इमरान अली,राम गोपाल,पीतम सिंह,कुशी लाल,महेंद्र रावत,सुमन जंतवाल, नीरज कुमार,प्रदीप कुमार आदि ने योगदान दिया।