नेहरू स्टेडियम में गांधी शिल्प बाजार सह प्रदर्शनी का भव्य शुभारंभ, शिल्पकारों को मिला साझा मंच

रुड़की उत्तराखंड

रुड़की। भारत सरकार के वस्त्र मंत्रालय एवं विकास आयुक्त (हस्तशिल्प) के सौजन्य से आयोजित गांधी शिल्प बाजार सह प्रदर्शनी का शुभारंभ शुक्रवार को नेहरू स्टेडियम में हुआ। इस प्रदर्शनी का आयोजन कौशल्या ग्रामोद्योग संस्थान के संयोजन में किया गया है। उद्घाटन समारोह में मेयर श्रीमती अनीता देवी अग्रवाल ने फीता काटकर प्रदर्शनी का विधिवत उद्घाटन किया।

इस अवसर पर देशभर के विभिन्न राज्यों एवं नगरों से आए हस्तशिल्प कलाकारों ने अपने हाथों से बनाए गए स्वदेशी उत्पादों और कलाकृतियों का प्रदर्शन किया, जो परंपरा, संस्कृति और आत्मनिर्भर भारत की भावना को जीवंत करते हैं।

“स्वदेशी उत्पादों की विदेशों में भी बढ़ रही मांग” – मेयर

उद्घाटन के अवसर पर मेयर अनीता देवी अग्रवाल ने कहा कि भारत सरकार द्वारा हस्तशिल्प कला को बढ़ावा देने के लिए निरंतर महत्वपूर्ण कदम उठाए जा रहे हैं। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में स्वदेशी वस्तुओं को बढ़ावा देने और हस्तशिल्प निर्माताओं को प्रोत्साहन देने के उद्देश्य से अनेक योजनाएं चलाई जा रही हैं, जिससे आज स्वदेशी उत्पादों की मांग न केवल देश में, बल्कि विदेशों में भी बढ़ रही है।

“यह प्रदर्शनी एक संस्कृति संवाद है” – भाजपा जिलाध्यक्ष

भाजपा जिलाध्यक्ष डॉ. मधु सिंह ने कहा कि यह गांधी शिल्प बाजार केवल एक व्यापारिक मेला नहीं, बल्कि देश की विविध कला और संस्कृति का साझा मंच है। यहाँ शिल्पकार अपनी परंपरागत व अनूठी कृतियों का प्रदर्शन व विक्रय करते हैं, वहीं आमजन इन उत्पादों को अपनाकर ‘वोकल फॉर लोकल’ के संकल्प को साकार करते हैं। यही महात्मा गांधी के आत्मनिर्भर भारत की सच्ची झलक है।

“भारत की आत्मा हैं शिल्पकार” – संस्थापक जितेन्द्र त्यागी

कौशल्या ग्रामोद्योग संस्थान के संस्थापक श्री जितेन्द्र त्यागी ने कहा कि हमें उन हस्तशिल्प कलाकारों को प्रोत्साहित करना चाहिए जो कठिन परिस्थितियों में भी अपनी कला को जीवित रखे हुए हैं। ये कलाकार ही भारत की आत्मा हैं।

संस्थान के सचिव श्री नितिन त्यागी ने प्रदर्शनी के आयोजन का अवसर मिलने पर भारत सरकार के वस्त्र मंत्रालय का आभार जताया और इसे नगरवासियों के लिए लाभकारी बताया।

“शिल्पकला आत्मनिर्भरता की प्रतीक” – सहायक निदेशक

विकास आयुक्त (हस्तशिल्प) देहरादून के सहायक निदेशक नीलन राय ने कहा कि यह शिल्प बाजार केवल एक प्रदर्शनी नहीं, बल्कि भारत की सांस्कृतिक विरासत, पारंपरिक शिल्पकला और आत्मनिर्भरता की भावना का प्रतीक है।

युवा नेतृत्व का समर्थन

युवा भाजपा नेता अक्षय प्रताप सिंह ने कहा कि स्वनिर्मित उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए इस तरह की प्रदर्शनियां अत्यंत आवश्यक हैं। इससे स्वरोजगार को बल मिलता है और जनता को स्थानीय उत्पादों को अपनाने का अवसर प्राप्त होता है।

उपस्थित गणमान्य व्यक्ति

इस अवसर पर वरिष्ठ भाजपा नेता ललित मोहन अग्रवाल, संस्थान अध्यक्ष राहुल त्यागी, रवि राणा, मनोज तोमर, गौरव त्यागी, सुरेन्द्र त्यागी, शिवांगी, वैष्णवी प्रमोद, राकेश, आकाश सहित अनेक गणमान्य नागरिक व शिल्पप्रेमी उपस्थिति रहें।

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