नगर पंचायत परतावल वार्ड नंबर 11 स्वतंत्रता सेनानी नगर में स्थित शिव मंदिर पोखरी पर स्थापित छठ बेदियों को सुंदरीकरण के नाम पर लगभग 2 वर्ष पूर्व जेसीबी लगाकर हटवा दिया गया लेकिन आज तक नहीं स्थापित किया गया। वेदियों को लोगों के अनुसार नगर पंचायत के द्वारा स्थापित करने का वादा कर दिया गया था। लेकिन अभी तक जिम्मेदारों की आंखें बंद महज एक सप्ताह बाद आस्था का पर्व छठ पूजा की जाएगी। अब सोचने वाली बात यह है कि पूर्व की तरह ही बिना वेदियों की माताएं पूजा करेंगी या जिन वेदियों को जहां से हटाया गया था वहां पुन स्थापित किया जाएगा या नहीं ।
सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार लगभग 2 वर्ष पूर्व सुंदरीकरण के नाम पर लगभग 20 से 25 छठ वेदियों को जेसीबी से वहां से हटवा दिया गया था, जब लोगों द्वारा पूछा गया तो उनसे उस समय यह बताया गया था कि फर्श बन जाने के बाद सभी श्रद्धालुओं की वेदी को पुन: उसी स्थान पर स्थापित कर दी जाएगी पर आज उस स्थान पर केवल आपको एक वेदी ही नजर आएगी बाकी सब वेदी गायब दिख रही हैं।
कुछ वेदियाँ जो घाट के पूरव की तरफ नया बना हैं वही केवल वहाँ पर दिखाई दे रहा है। बाकी वेदी कहा गई पता ही नही चला। जिस वेदी पर सभी श्रद्धालु 20 से 25 वर्षो से छठी माता की पूजा अर्चना करते थे, जिस पर छठ पर्व पर माथा टेकते थे आज उस छठी माता की वेदियो को कूड़े की ढेर की तरह किनारे रख दिया गया आखिर ऐसा किसने और किसके कहने पर किया क्या यह सही हैं?
टूटे हुए वेदी में परतावल के प्रतिष्ठित लोगो की भी वेदी थी, जिसे हटवा दिया गया जबकि शिवमन्दिर के निर्माण में सबसे अधिक भूमिदान उन्ही लोगो ने किया हैं जो शिव मंदिर के पास लगे शिलापट्ट पर साफ-साफ अक्षरो में लिखा हुआ हैं।
परन्तु फर्श बनने के बाद सिर्फ एक वेदी फर्श पर देखने को मिला बाकी 20 से 25 वेदियो को कूड़े की तरह किनारे रख दिया गया था, उसमे से भी कुछ का पता ही नही चला कि बाकी की वेदिया कहा गई। सुंदरीकरण के नाम पर छठी माता की वेदियो को जेसीबी से हटा कर धार्मिक भावनाओं के साथ खिलवाड़ किया गया हैं।
क्या इस पर किसी जनप्रतिनिधि की नजर नही पहुँच रही हैं की आखिर ऐसा क्यों किया गया?