गोरखपुर।
पिपराइच क्षेत्र सोमवार रात से मंगलवार दोपहर तक तनाव और बवाल से जूझता रहा। पशु तस्करों ने 12वीं पास नीट की तैयारी कर रहे छात्र दीपक गुप्ता (gorakhpur NEET aspirant murder) को अगवा कर बेरहमी से हत्या कर दी। शव गुलरिहा क्षेत्र में सड़क किनारे मिला। घटना से आक्रोशित ग्रामीणों ने एक तस्कर को पकड़ लिया, गाड़ी को आग के हवाले कर दिया और पुलिस पर पथराव कर दिया।
झड़प में एसपी उत्तरी जितेंद्र श्रीवास्तव, थानाध्यक्ष पुरुषोत्तम सिंह समेत कई पुलिसकर्मी घायल हो गए। बवाल रात तीन बजे से शुरू होकर मंगलवार दोपहर तक चलता रहा।
घटनाक्रम
जंगल छत्रधारी निवासी दुर्गेश गुप्ता की फर्नीचर दुकान है। उनका बेटा दीपक (18) दुकान पर पहुंचा तो तस्कर बोलेरो और पिकअप से मवेशी लादने की कोशिश कर रहे थे। विरोध करने पर तस्करों ने पथराव किया, दीपक को अगवा कर वाहन में बैठा लिया और डंडे-रॉड से पीटकर हत्या कर दी। शव बाद में गुलरिहा क्षेत्र में सड़क पर फेंक दिया गया।
ग्रामीणों ने दूसरी गाड़ी को पकड़ लिया। उसमें सवार बिहार के गोपालगंज का रहने वाला अजब हुसैन भीड़ के हत्थे चढ़ गया। गुस्साए लोगों ने मंदिर में बंधक बनाकर गाड़ी जला दी।
पुलिस से भिड़ंत
तस्कर को हिरासत में लेने पहुंची पुलिस पर ग्रामीणों ने लापरवाही का आरोप लगाया और पथराव कर दिया। धक्का-मुक्की में एसपी उत्तरी घायल हो गए जबकि थानाध्यक्ष का हाथ फ्रैक्चर हो गया। कई सिपाही चोटिल हैं।
हालात काबू में
बवाल की सूचना पर एडीजी लॉ एंड ऑर्डर अमिताभ यश गोरखपुर पहुंचे। एसएसपी ने जंगल धूसड़ चौकी के सभी पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया। STF को तस्करों की धरपकड़ में लगाया गया है। 12 अज्ञात के खिलाफ अपहरण और हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया है।
ग्रामीण दोषी पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई, मृतक के परिजनों को एक करोड़ मुआवजा और सरकारी नौकरी की मांग पर अड़े रहे। उच्चाधिकारियों के आश्वासन के बाद हालात शांत हुए। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सख्त कार्रवाई का भरोसा दिलाया है।
