गोरखपुर। एंटी करप्शन टीम ने बुधवार को संयुक्त शिक्षा निदेशक (जेडी) कार्यालय में बड़ी कार्रवाई करते हुए पटल सहायक शहनवाज आलम को 10 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। आरोप है कि उसने सेवानिवृत्त महिला शिक्षिका के 300 दिनों के अर्जित अवकाश (ईएल) के नकदीकरण का करीब 15 लाख रुपये का भुगतान कराने के एवज में रिश्वत मांगी थी।
रामगढ़ताल क्षेत्र की गौतम विहार कॉलोनी निवासी दिव्यांशु पांडेय ने 14 अगस्त को एंटी करप्शन थाने में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि उनकी मां सरोज दूबे कुशीनगर के राजकीय कन्या इंटर कॉलेज, हाटा में प्रवक्ता एवं प्रभारी प्रधानाध्यापक के पद से 31 मार्च 2026 को सेवानिवृत्त हुई थीं। जीपीएफ, पेंशन समेत अन्य देयकों का भुगतान हो चुका था, लेकिन 300 दिनों के ईएल नकदीकरण की करीब 15 लाख रुपये की राशि लंबित थी।
शिकायत के मुताबिक भुगतान की पत्रावली जेडी कार्यालय के पटल सहायक शहनवाज आलम के पास लंबित थी। पत्रावली आगे बढ़ाने और भुगतान कराने के लिए उसने 10 हजार रुपये की मांग की। शिकायत की गोपनीय जांच में आरोप सही पाए जाने के बाद एंटी करप्शन टीम ने ट्रैप की योजना बनाई।
बुधवार दोपहर करीब 1:19 बजे टीम जेडी कार्यालय पहुंची और शहनवाज आलम को 10 हजार रुपये लेते रंगे हाथ पकड़ लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को कैंट थाने ले जाया गया, जहां टीम की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू की गई। कार्रवाई की सूचना से शिक्षा विभाग के कार्यालयों में हड़कंप मच गया।